महिला आरक्षण के मुद्दे को लेकर मातृशक्ति नें बीते मंगलवार को देर शाम देहरादून में गांधी पार्क से घंटाघर तक महिला आक्रोश मशाल यात्रा निकाली। इस यात्रा में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और मंत्री रेखा आर्या सहित बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी और महिलाएं शामिल रहीं।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि महिला आरक्षण देश की आधी आबादी के अधिकारों से जुड़ा महत्वपूर्ण विषय है और केंद्र सरकार महिलाओं को उनका हक दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि कुछ विपक्षी दलों का रुख महिलाओं की आकांक्षाओं के विपरीत है, जिसे जनता देख रही है।
सीएम ने कहा यह मशाल यात्रा केवल प्रतीक नहीं, बल्कि महिलाओं के अधिकारों में बाधा डालने वाली शक्तियों के विरुद्ध जनआक्रोश का सशक्त प्रदर्शन है। महिला आरक्षण को सालों तक लंबित रखने वालों को अब मातृशक्ति लोकतांत्रिक तरीके से जवाब देने के लिए तैयार है।हम मातृशक्ति के सम्मान, सुरक्षा और अधिकारों की रक्षा के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रहे हैं।

महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास मंत्री रेखा आर्या ने कहा कि हमारी परंपरा में महिलाओं को सम्मान जरूर मिला है, लेकिन अब जरूरत है कि उन्हें निर्णय लेने की प्रक्रिया में भी बराबरी का स्थान मिले। संसद और विधानसभाओं में एक-तिहाई आरक्षण से महिलाओं की भागीदारी मजबूत होगी और यह बदलाव देश के विकास को नई दिशा देगा।
मंत्री रेखा आर्या नें कहा कि इस रैली का आयोजन सौभाग्य से मुझे प्राप्त हुआ और मेरे आह्वान पर महिला आक्रोश रैली में पहुंची हजारों की संख्या में मातृशक्ति का ह्रदय की गहराईयों से धन्यवाद व आभार व्यक्त करती हूं। मंत्री ने कहा कि महिला आरक्षण जैसे महत्वपूर्ण विषय पर विपक्ष का रवैया निराशाजनक रहा है।
कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या ने आगे कहा कि महिलाओं की अपेक्षाओं के विपरीत जाकर विपक्ष ने जो रुख अपनाया है, उसे देश की महिलाएं भली-भांति समझ रही हैं। आने वाले समय में महिलाएं कांग्रेस और कांग्रेस समर्थित पार्टियों को हराकर मुंहतोड़ जवाब देंगी और इसका प्रभाव भी देखने को मिलेगा।